
दिल्ली: भारतीय पोल्ट्री उपकरण निर्माता संघ (आईपीईएमए) के अध्यक्ष उदय सिंह बयास ने कहा कि धार्मिक पर्वों के दौरान कुछ राज्यों, खासकर उत्तर प्रदेश में, अंडे और चिकन के विरोध से पोल्ट्री उद्योग प्रभावित होता है। उन्होंने कहा कि इससे उत्पादन और बिक्री पर असर पड़ता है और पोल्ट्री फार्म संचालकों को भारी आर्थिक नुकसान उठाना पड़ता है। उन्होंने बताया कि इस समस्या के समाधान के लिए उत्तर प्रदेश के राज्य सरकारों से बातचीत के साथ कई आवेदन भी दिए गए हैं और स्थायी समाधान की मांग की गई है।