
दिल्ली: अंगद एवं भगवान परशुराम का किरदार निभा चुके सांसद एवं भाजपा के पूर्व दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष मनोज तिवारी निभायेंगे लव कुश रामलीला में केवट का किरदार । लव कुश रामलीला के अध्यक्ष अर्जुन कुमार एवं अन्य पदाधिकारियों की मौजूदगी में मीडिया से रूबरू होकर मनोज तिवारी लव कुश रामलीला से अतिरिक्त लगाव का कारण यह रामलीला स्थानीय कलाकारों को भी प्रमोट करती है । इस बार दिल्ली के लगभग 250 कलाकार दिल्ली के है । वैसे 25 रामलीलाओं में कहीं ना कहीं उनका योगदान है । राम कथा की जानकारी देते हुए उन्होंने बताया कि बनारस के तुलसी मानस मंदिर में पहली राम कथा गोस्वामी तुलसीदास ने वांची थी । समय के साथ कथा का नाटकीय मंचन होने लगा । पौराणिक कथाओं के अनुसार 16 वीं शताब्दी में इस मंदिर के कहीं आसपास गोस्वामी तुलसीदास ने रामचरित मानस की रचना की थी । मनोज तिवारी राजनीतिज्ञ होने के साथ साथ लोकप्रिय भोजपुरी गायक भी हैं । वह गाँव में बचपन में रामलीला से जुड़े थे यही परंपरा आज भी जारी है ।
लव कुश रामलीला के अध्यक्ष अर्जुन कुमार के अनुसार इस बार की रामलीला का मंचन पर्यावरण पर आधारित है । प्रधान मंत्री मोदी के अभियान एक पौधा माँ के नाम की कड़ी में इस बार लव कुश रामलीला के निमंत्रण पत्रों पर घर में राम घर घर में तुलसी प्रकाशित किया गया है । जेन जी को अपनी संस्कृति आकर्षित करने के लिए 5100 तुलसी के पौधे ज़ेन जी को दिए जायेंगे । रामायण एक परिवार को जोड़ने की कला है । इस बार दशहरे के दिन रंगोली से प्रभु राम की भव्य आकृति बनाई जाएगी जिसे एक लाख दीयों से सजाया जाएगा । हर बार की तरह इस बार की रामलीला का मंचन हाई टेक एवं 8 ट्रैक डिजिटल साउंड सिस्टम अत्याधुनिक एआई टेक से लेस होगा ।