दिल्ली में नशीले पदार्थों का हो रहा है पौषण
दिल्ली: देश की राजधानी में नशा तस्करी की सच्चाई बताने वाले पुलिस अधिकारी के खिलाफ ही विभागीय कार्रवाई होने पर आम आदमी पार्टी ने कड़ी आपत्ति जताई है। "आप" के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष सौरभ भारद्वाज का कहना है कि पुलिस अधिकारी के खुलासे के बाद दिल्ली पुलिस और केंद्रीय गृह मंत्रालय को नशा तस्करी की जड़ों तक पहुंचना चाहिए था, उन्हें पकड़ना चाहिए था, जिससे नशे पर लगाम लगता, लेकिन यहां तो उल्टा पुलिस पर ही कार्रवाई कर पुलिस महकमे का मनोबल तोड़ा जा रहा है। ऐसे में सरकार से दिल्ली के अंदर नशे के कारोबार को कंट्रोल करने की कैसे उम्मीद कर सकते हैं?
सौरभ भारद्वाज ने कहा कि पिछले दिनों दिल्ली पुलिस के एक अधिकारी ने पब्लिक के सामने खुलासा करते हुए मुख्यमंत्री और भाजपा विधायकों पर नशा तस्करों को संरक्षण देने का आरोप लगाया था। उस पुलिस अफसर का मनोबल बढ़ाने की जगह पुलिस कमिश्नर ने उसके खिलाफ ही कार्रवाई के निर्देश दे दिए। इस कार्रवाई से अब संदेश साफ है कि मुख्यमंत्री के आदेशों का पालन करते रहो। चाहे मुख्यमंत्री का आदेश अपराधियों और नशीले पदार्थों के तस्करों को रिहा करने का हो या फिर उन्हें संरक्षण देने के लिए ही क्यों न हो। पुलिस अधिकारियों को हर स्थिति में चुप रहना चाहिए।
नशे का कारोबार तेजी से फैल रहा है। चाहे झुग्गी हो, अनऑथराइज़ कॉलोनी हो या बड़ी सोसाइटी के पार्क — हर जगह नशा बिकता और होता दिखाई दे रहा है। सबसे चिंताजनक बात यह है कि छोटे-छोटे बच्चे भी इसकी चपेट में आ रहे हैं। सवाल यह है कि अगर पुलिस पर ही राजनीतिक दबाव होगा, तो दिल्ली में नशे का कारोबार कैसे रुकेगा? दिल्ली के युवाओं का भविष्य बचाने के लिए नशे के इस नेटवर्क पर सख्त कार्रवाई ज़रूरी है।
04:39 pm 16/03/2026