संत वाल्मीकि पर अभद्र टिप्पणी के विरुद्ध धरने में शामिल हुए हर्ष मल्होत्रा

दिल्ली: संत महर्षि भगवान वाल्मीकि के विरूद्ध कांग्रेस प्रवक्ता दीपक झा द्वारा एक निजी टी.वी. चैनल (ज़ी टी.वी.) की डिबेट में अपशब्दों के प्रयोग के विरूद्ध धरने में आज भाजपा प्रदेश अध्यक्ष हर्ष मल्होत्रा शामिल हुए और कांग्रेस पार्टी एवं उसके प्रवक्ता दीपक झा की महर्षि भगवान वाल्मीकि का अपमान करने के लिए कड़ी निंदा की। महामंडलेश्वर कृष्ण शाह विद्यार्थी जी महाराज की अध्यक्षता में हुए धरने में सम्मिलित वाल्मीकि एवं दलित समाज के गणमान्य जनों में आचार्य विवेक मुनि जी, अनिल वाल्मीकि जी, अजय भाई जी, साध्वी दीप्ति महाराज, साध्वी रेणुका जाटव, विष्णो दास जी महाराज, प्रकाश तंवर, राम चरण गुजराती, छात्रपाल सिंह, सुशांत गोल्डी, राजेंद्र पार्चा, नितिन दिमान आदि प्रमुख थे।
इस मौके पर वीएचपी के दिल्ली प्रांत प्रमुख कपिल खन्ना, त्रिलोकपुरी से विधायक रविकांत रवि, दिल्ली भाजपा अनुसूचित जाति मोर्चा अध्यक्ष मोहनलाल गिहारा, निगम पार्षद विकास टांक, एन.डी.एम.सी. सदस्य अनिल कुमार भी इस शांति पूर्ण विरोध प्रदर्शन में शामिल हुए। अपने सम्बोधन में भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा की 4 जुलाई 2026 को ज़ी टीवी की एक डिबेट में कांग्रेस के प्रवक्ता दीपक झा जी ने जिस भाषा का प्रयोग संत शिरोमणि महर्षि भगवान वाल्मीकि जी के लिए किया, वह केवल एक व्यक्ति का अपमान नहीं था। वह करोड़ों लोगों की आस्था, उनके आराध्य और इस देश की सांस्कृतिक जड़ों पर चोट थी। महर्षि भगवान वाल्मीकि जी ने हमें "रामायण" जैसी अमर रचना दी। उन्होंने "मा निषाद प्रतिष्ठां त्वमगमः" कहकर समाज को करुणा, न्याय और समानता का संदेश दिया। वे केवल एक जाति के नहीं, वे पूरे भारत के, पूरी मानवता के गुरु हैं।
ऐसे महान संत के लिए टीवी की डिबेट में अभद्र शब्द बोलना घोर निंदनीय है और दुख इस बात का है कि माफी मांगने के बजाय कांग्रेस पार्टी इसे हल्के में ले रही है। साथियों, यह पहली बार नहीं है, यह कांग्रेस की एक पुरानी आदत रही है। चुनाव से पहले वाल्मीकि समाज और दलित समाज को याद करना, मंच पर फोटो खिंचवाना, बड़े-बड़े वादे करना। लेकिन सत्ता मिलते ही उन्हें भूल जाना। 60 साल तक केंद्र में राज किया। क्या वाल्मीकि बस्तियों में पक्के मकान, साफ पानी, अच्छे स्कूल दे पाए ? क्या सफाई कर्मचारियों के बच्चों के लिए IIT, IIM, मेडिकल कॉलेज में कोई विशेष गुणवत्ता वाली शिक्षा की व्यवस्था की ? नहीं की। उन्होंने कहा की कांग्रेस ने वाल्मीकि समाज को दलितों को वोट बैंक बना कर रखा। "गरीब रहो, हमारा वोट बैंक रहो" वाली राजनीति की। शिक्षा नहीं दी, कौशल नहीं दिया, उद्योग नहीं दिए, सच कहूं तो समाज को वह सम्मान नही दिया जिसका वह अधिकारी है।
आज देश बदल रहा है, हमें वाल्मिकि एवं दलित समाज के लिए भीख नहीं, सम्मान चाहिए, अधिकार चाहिए, हमें आरक्षण के साथ अवसर चाहिए। हमें अपने बच्चों के लिए अच्छी शिक्षा, सरकारी नौकरी में पदोन्नति, उद्यम के लिए लोन और स्वाभिमान चाहिए। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष ने कहा की प्रधान मंत्री श्री नरेन्द्र मोदी ने धारा 35 ए हटा कर वाल्मिकि समाज के लिए कश्मीर में आरक्षण लाभ का द्वार खोला।संत वाल्मीकि जी ने कहा था - "आचरण से बड़ा कोई धर्म नहीं"। कांग्रेस को भी अपने आचरण से साबित करना होगा। सिर्फ माफी मांगने से काम नहीं चलेगा।
आइए संकल्प लें कि अब हम उसी को चुनेंगे जो हमें महर्षि वाल्मिकी मंदिर के साथ ही स्कूल कालेज भी दे, जो संतों का सम्मान भी करे और समाज का उत्थान भी।
05:52 pm 18/07/2026